मोटर सायकिल स्कूटी क्षतिग्रस्त, वन अमले ने भागकर बचाई जान
तीन दिन तक देलाखारी पुलिस ने नही की कार्यवाही
छिंदवाड़ा (लगी क्या)। तामिया वन क्षेत्र से अवैध रेत उत्खनन की खबरों के बीच रेत चोरो द्वारा वन अमले पर डंफर चढ़ाने की खबर अंडर प्ले हो गई है, बीते 23 दिसंबर की रात्रि में हुई घटना को लेकर वन अमले की लिखित शिकायत के बाद देलाखारी चौकी प्रभारी ने कोई कार्यवाही नही की बस जांच की बात कह रहे है। बीते तीन महीनों में तीन ट्रैक्टर वन विभाग ने वन क्षेत्र से पकड़े है इसी हताशा में रेत चोर जानलेवा हमले पर उतारू हो गए है। सूत्रों की माने तो एकलब्य विधालय प्राचार्य से अभद्रता मामले से जुड़े कथित नेता उस मामले से ध्यान हटाने इस वन क्षेत्र में अवैध उत्खनन मामले को तूल दे रहे है ।
क्या है मामला – तामिया वन परिक्षेत्र के कुआंबादला सर्किल के वन अमले को मुखबिर से वन क्षेत्र से अवैध रेत उत्खनन परिवहन की सूचना मिली। मुखबिर की सूचना पर कुआबादला परिक्षेत्र सहायक (डिप्टी रेंजर) फुलभान शाह इनवाती,बांगई बीट प्रभारी एंव वनरक्षक महेन्द्र सिंह बघेल,भांडी बीट प्रभारी वनरक्षक रामदास शर्मा,चौकीदार सुमनसी धुर्वे बांगई,संतोष धुर्वे,बांगई मंसाराम धुर्वे भांडी दिनांक 23 दिसंबर 2025 रात्रि 01 बजे को कक्ष क्रमांक पी-227 में जमरूस नदी से अवैध रेत परिवाहन करते रात्री में गाड़ीयों की लाईट देखकर पहुंचे। जहां मिनी ट्रक (डंफर) नदी से भागता हुआ दिखाई दिया वन विभाग के दल के डम्फर के नजदीक पहुंचने के पहले वाहन (डम्फर) चालक ने बांगई के निवासी पंकज उइके के खेत में जाकर रेत खाली कर दी गई। डंफर चालक से पूछताछ के रेत परिवाहन से सम्बंधित कोई वेध कागजात नहीं पाए गए। इसी दौरान वाहन मालिक रोहित साहू पिता स्व. जगदीश साहू साकिन बिजारी वहां पहुंच कर वाहन चालक को वन अमले पर वाहन चढा कर जानलेवा हमला करने के साथ मौके से जबरन डंफर लेकर भाग जाने को कहा। इसके बाद डंफर वाहन चालक ने वन अमला के दो दोपहिया वाहन (मोटरसाइकल और स्कूटी) को टक्कर मार कर मौके से फरार हो गया । इस जानलेवा हत्या करने की कोशिश डम्फर से मारी गई टक्कर में वन अमला के दो पहिया वाहनों को हनि हुई इस दौरान वन अमला के बांगई वनरक्षक महेन्द्रसिंह बघेल और उनके सहयोगी चौकीदार श्सुमनसी धुर्वे के पैर में चोटे आई। वन अमले द्वारा भागकर किसी तरह अपनी जान बचाई गई। रात्री के कारण वाहन का (डंफर) नंबर स्पष्ट दिखाईन नही दिया लाल पीले रंग के डंफर में 8828 लिखा दिखाई दे रहा है। वन अमले ने इस घटना की सूचना वन परिक्षेत्र अधिकारी तामिया को तत्काल देकर घायलों का उपचार कराया। घटना के बाद वन अमले ने तामिया थाने की देलाखारी पुलिस चौकी में जानलेवा हमला करने के साथ शासकीय कार्य में बाधा,वन क्षेत्र में अवैध रेत उत्खनन परिवहन करने की लिखित सूचना के साथ जीपीएस रीडिंग,मौके की फोटो,क्षतिग्रस्त वाहन का फोटो,घायलों कें उपचार दस्तावेज देकर भारतीय न्याय सहिता की धारा के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर आरोपीयो के विरुद्ध कठोर कार्यवाही करने की गुहार लगाई।
पुलिस के संरक्षण में चोरो के हौंसले बुलंद
तामिया में रेत चोरो के हौसले बुलंद है पुलिस और राजस्व को मोटी रकम के बदले संरक्षण मिला हुआ है। फारेस्ट टीम पर जानलेवा हमले घटना के तीन दिन बाद पुलिस चौकी के प्रभारी उपनिरीक्षक मयंक उइके ने कहा मामले की जांच की जा रही है। बीते 27 अक्टूबर को दुर्गेश यदुवंशी द्वारा ट्रेक्टर पकड़ने ले दौरान डिप्टी रेंजर फुलभान इनवाती की जानलेवा हमले की शिकायत पर भी चौकीप्रभारी ने कोई कार्यवाही नही की।
वन विभाग ने शिकंजा कसा,तीन महीने में तीन ट्रैक्टर पकड़े
वन विभाग तामिया परिक्षेत्र के बांगई और मढकाढाना के खुट्टी ग्राम में में वन क्षेत्र से अवैध रेंत परिवहन मामले में तीन ट्रैक्टर जब्त किए गए थे। दिनांक 22 सितंबर को धुसावानी का एक ट्रैक्टर,27 अक्टूबर दुर्गेश यदुवंशी का ट्रैक्टर पकड़ा गया इस मामले में डिप्टी रेंजर फुलभान शाह इवनाती पर दुर्गेश द्वारा हमला करने की शिकायत भी देलाखारी चौकी में हुई थी। इसी तरह बीते 16 दिसबर को धुर्वे कृषि फार्म लिखा ट्रैक्टर भी जब्त किया था जिसका प्रकरण पंजीबद्ध हुआ है।
ध्यान भटकाने नेता कर रहे साजिश
वन अमले पर जानलेवा हमले की घटना के पीछे कुछ रेत चोर सत्तादल धारी नेताओं की भूमिका मानी जा रही है । बीते 3 दिसंबर को एकलव्य विधालय में प्राचार्य के साथ हुई बदतमीजी मामले में शांतिभंग से जुड़े आरोपी ध्यान भटकाने वन क्षेत्र अवैध रेत चोरी मामले को तूल दे रहे है। सूत्रों की माने तो जानलेवा हमले की घटना को छिपाने वनकर्मियों को किसी महिला मामले में फर्जी फसाने की साजिश होने की चर्चा है। वहीं इस मामले में राजीनामा करने का दबाद भी वनकर्मियों को दिया जा रहा है।
जरा हट के…
प्रवीण काटकर
9424300567





